कांकेर जिला अस्पताल में खत्म होगा चार साल का इंतजार, अब यहीं होगी एमआरआई

कांकेर। जिला अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर एक बड़ी और सकारात्मक खबर सामने आई है। लल्लूराम डॉट कॉम की मुहिम के बाद प्रशासन ने चार साल से धूल फांक रही करोड़ों की एमआरआई मशीन को शुरू करने का फैसला लिया है। कलेक्टर निलेश महादेव क्षीरसागर ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अगले दस दिनों के भीतर इस मशीन को हर हाल में क्रियाशील किया जाए ताकि जिले की जनता को इसका लाभ मिल सके।

चार साल की लापरवाही पर भारी पड़ा कलेक्टर का अल्टीमेटम
यह एमआरआई मशीन तत्कालीन कलेक्टर चंदन कुमार के समय अस्पताल पहुंची थी लेकिन किन्हीं कारणों से इसे अब तक चालू नहीं किया जा सका था। प्रशासनिक उदासीनता की वजह से मरीजों को जांच के लिए निजी केंद्रों या बाहरी शहरों के चक्कर काटने पड़ रहे थे। अब वर्तमान कलेक्टर ने जिम्मेदारी लेते हुए समय सीमा निर्धारित कर दी है जिससे स्थानीय स्तर पर ही गंभीर बीमारियों की सटीक जांच संभव हो सकेगी।
ट्रॉमा यूनिट की खामियों पर सख्त रुख और विधायक का भरोसा
जिला अस्पताल में दस करोड़ की लागत से तैयार नवनिर्मित ट्रॉमा यूनिट का निरीक्षण करने पहुंचे विधायक आशाराम नेताम और कलेक्टर ने व्यवस्थाओं का जायजा लिया। प्रभारी मंत्री द्वारा लोकार्पण के महज तीन दिन बाद ही यूनिट में बिजली से जुड़ी कुछ तकनीकी कमियां पाई गईं जिस पर अधिकारियों ने ठेकेदार को कड़ी फटकार लगाते हुए तुरंत सुधार के आदेश दिए। विधायक ने कहा कि ट्रॉमा यूनिट के पूरी तरह सक्रिय होने से गंभीर मरीजों को दूसरे शहरों में रेफर करने की मजबूरी खत्म होगी और जिले में ही बेहतर इलाज मिल पाएगा।
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