जग्गी हत्याकांड में अमित जोगी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत: उम्रकैद की सजा पर लगी रोक, हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति को हिला देने वाले बहुचर्चित राम अवतार जग्गी हत्याकांड मामले में जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के सुप्रीमो अमित जोगी को देश की सर्वोच्च अदालत से बड़ी राहत मिली है। सुप्रीम कोर्ट ने अमित जोगी की दोषसिद्धि और उम्रकैद की सजा पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। इससे पहले छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने निचली अदालत के फैसले को पलटते हुए अमित जोगी को दोषी करार दिया था और उन्हें तीन हफ्ते के भीतर सरेंडर करने का कड़ा आदेश दिया था जिसके खिलाफ अमित जोगी ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।
दो दशक पुराने कानूनी संघर्ष में नया मोड़
एनसीपी नेता राम अवतार जग्गी की साल 2003 में हुई हत्या के इस मामले में कानूनी लड़ाई बेहद उतार-चढ़ाव भरी रही है। साल 2007 में विशेष सीबीआई कोर्ट ने 28 आरोपियों को उम्रकैद सुनाई थी लेकिन सबूतों की कमी के चलते अमित जोगी को बरी कर दिया था। सीबीआई ने अपनी चार्जशीट में अमित जोगी को इस हत्याकांड का मास्टरमाइंड बताया था जिसके बाद पीड़ित पक्ष ने लंबी कानूनी जंग लड़ी। अब सुप्रीम कोर्ट के इस ताजा फैसले के बाद पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के बेटे अमित जोगी को जेल जाने से बड़ी राहत मिल गई है।



