ग्रेटर नोएडा से ग्रेनो वेस्ट जाना होगा आसान: तिलपता गोलचक्कर पर बनेगा 5 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड रोड, घंटों का जाम मिनटों में होगा खत्म

ग्रेटर नोएडा और ग्रेनो वेस्ट के बीच रोजाना सफर करने वाले लाखों वाहन चालकों के लिए प्राधिकरण ने राहत का बड़ा रास्ता खोल दिया है। तिलपता गोलचक्कर पर लगने वाले भीषण जाम से स्थाई मुक्ति दिलाने के लिए करीब 5 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड रोड का प्रस्ताव तैयार किया गया है। यह महायोजना न केवल स्थानीय यातायात को सुगम बनाएगी बल्कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की ओर जाने वाले वाहनों को भी फर्राटा भरने की रफ्तार देगी। उत्तर प्रदेश सेतु निगम को इस महत्वाकांक्षी परियोजना की व्यवहार्यता रिपोर्ट तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है जिसके बाद सर्वे का काम युद्ध स्तर पर शुरू होगा। प्राधिकरण के अधिकारियों ने प्राथमिक सर्वे के आधार पर उन पॉइंट्स को चिन्हित कर लिया है जहां ट्रैफिक का दबाव सबसे अधिक रहता है ताकि भविष्य की जरूरतों के मुताबिक इसे कम से कम 6 लेन का बनाया जा सके।
अवैध निर्माण की चुनौती और एयरपोर्ट का बढ़ता दबाव
तिलपता क्षेत्र में सड़क चौड़ीकरण के काम में आ रहे अवैध निर्माण और स्थानीय विरोध की बाधाओं को देखते हुए एलिवेटेड रोड को ही एकमात्र समाधान माना जा रहा है। वर्तमान में मुख्य सड़क के किनारे अतिक्रमण के कारण टेंडर होने के बावजूद निर्माण कार्य अटका हुआ है जिसे देखते हुए प्राधिकरण अब सूरजपुर की ओर से दादरी रेलवे ओवरब्रिज तक सीधा कॉरिडोर बनाने पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। आने वाले समय में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से उड़ानें शुरू होने और डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के फ्लाईओवर के चालू होते ही यहां ट्रैफिक का दबाव कई गुना बढ़ने वाला है। प्राधिकरण के सीईओ रवि कुमार एनजी ने स्पष्ट किया है कि भविष्य की ट्रैफिक चुनौतियों से निपटने के लिए यह प्रोजेक्ट गेम-चेंजर साबित होगा। फिजिबिलिटी रिपोर्ट मिलते ही इस पर आगे की कार्यवाही शुरू कर दी जाएगी ताकि जीटी रोड और दादरी क्षेत्र के निवासियों का आवागमन सुगम हो सके।




