पेट्रोल-डीजल को लेकर अफवाहों पर विराम, कांकेर में पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध

कोयलीबेड़ा में एक पंप पर अस्थायी कमी के बाद व्यवस्था बहाल, किसानों और आम लोगों को नहीं होगी परेशानी
रायपुर/कांकेर। छत्तीसगढ़ सरकार ने स्पष्ट किया है कि कांकेर जिले में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है। जिले में ईंधन का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है और आम नागरिकों तथा किसानों को किसी तरह की चिंता करने की जरूरत नहीं है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे पेट्रोल-डीजल की कमी संबंधी किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें।
विभाग के अनुसार कांकेर जिले में कुल 51 पेट्रोल पंप संचालित हैं। इनमें इंडियन ऑयल के 14, हिन्दुस्तान पेट्रोलियम के 21 और भारत पेट्रोलियम के 16 पेट्रोल पंप शामिल हैं। सभी प्रमुख क्षेत्रों में नियमित रूप से ईंधन की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है।
दरअसल, प्री-मानसून बारिश के बाद खरीफ सीजन की तैयारियां शुरू होने से डीजल की मांग में अचानक बढ़ोतरी हुई है। खेती-किसानी के कार्यों के लिए बड़ी संख्या में किसान डीजल खरीद रहे हैं। इसी वजह से 23 जून को कोयलीबेड़ा क्षेत्र के एक पेट्रोल पंप में डीजल का स्टॉक अस्थायी रूप से समाप्त हो गया था।
हालांकि प्रशासन और तेल कंपनियों ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए आसपास के पेट्रोल पंपों से वैकल्पिक व्यवस्था कर दी। इसके चलते किसानों को किसी बड़ी परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा। वर्तमान में कोयलीबेड़ा क्षेत्र के दोनों पेट्रोल पंपों में पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और वितरण सामान्य रूप से जारी है।
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि जिला और राज्य स्तर पर तेल कंपनियों के साथ लगातार समन्वय किया जा रहा है। जिन क्षेत्रों में मांग बढ़ रही है, वहां अतिरिक्त आपूर्ति भेजने के निर्देश दिए गए हैं। ऐसे पेट्रोल पंपों की भी निगरानी की जा रही है जहां स्टॉक कम होने की संभावना है।
सरकार का कहना है कि कांकेर जिले में ईंधन की कोई कमी नहीं है। किसानों, वाहन चालकों और आम नागरिकों को नियमित रूप से पेट्रोल और डीजल मिलता रहेगा। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घबराहट में अतिरिक्त खरीदारी न करें और केवल जरूरत के अनुसार ही ईंधन लें।



