मुख्यमंत्री किसान संवाद: नई तकनीक और ड्रोन से बदलेगी खेती की तस्वीर, किसानों से बोले मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

रायपुर। छत्तीसगढ़ में खेती को अधिक लाभकारी, आधुनिक और टिकाऊ बनाने के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने रायपुर में आयोजित ‘मुख्यमंत्री किसान संवाद’ कार्यक्रम में प्रदेशभर से आए किसानों से सीधा संवाद करते हुए कहा कि कृषि क्षेत्र में तकनीक, नवाचार और वैज्ञानिक सोच ही किसानों की समृद्धि का आधार बनेगी।

मुख्यमंत्री ने किसानों के साथ अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा करते हुए कहा कि वे स्वयं किसान परिवार से आते हैं और खेती-किसानी की चुनौतियों को करीब से समझते हैं। उन्होंने बताया कि पहले खेती पूरी तरह बारिश पर निर्भर थी, लेकिन अब आधुनिक मशीनों, उन्नत तकनीकों और वैज्ञानिक पद्धतियों के कारण कृषि क्षेत्र में बड़ा बदलाव आया है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में किसानों के कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, शून्य प्रतिशत ब्याज पर कृषि ऋण, सिंचाई सुविधाएं, उन्नत बीज और कृषि यंत्रीकरण जैसी योजनाओं से किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है।
कार्यक्रम में शामिल ड्रोन दीदियों से चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ड्रोन तकनीक खेती में क्रांतिकारी बदलाव ला रही है। ड्रोन के जरिए नैनो यूरिया और नैनो डीएपी का छिड़काव तेजी से और कम लागत में किया जा सकता है। इससे समय की बचत होती है और उत्पादन क्षमता भी बढ़ती है। उन्होंने कहा कि यह तकनीक महिलाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी पैदा कर रही है।
मुख्यमंत्री ने किसानों से जैविक खेती, प्राकृतिक कृषि और फसल विविधीकरण अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि अमरूद, ड्रैगन फ्रूट, पपीता, मौसंबी और आम जैसी बागवानी फसलें किसानों की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं।
खरीफ सीजन की तैयारियों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि खाद और बीज की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। किसानों को किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान नहीं देना चाहिए। सरकार कालाबाजारी और जमाखोरी रोकने के लिए सख्त निगरानी कर रही है।
उन्होंने कहा कि आज का युवा खेती को आधुनिक एग्री-बिजनेस के रूप में देख रहा है। यही बदलाव छत्तीसगढ़ की कृषि को नई दिशा देगा और किसानों की आय बढ़ाने में मददगार साबित होगा।



