गांवों के विकास से बनेगा विकसित भारत: मुख्यमंत्री साय ने पंचायत प्रतिनिधियों को दी बड़ी जिम्मेदारी

रायपुर. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस के अवसर पर रायपुर में आयोजित पंचायत पदाधिकारी सम्मेलन को संबोधित करते हुए पंचायती राज संस्थाओं को लोकतंत्र की सबसे मजबूत कड़ी बताया। मुख्यमंत्री ने अपने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि उन्होंने स्वयं पंच और सरपंच के रूप में अपना राजनीतिक सफर शुरू किया था, और वही अनुभव आज उन्हें प्रदेश सेवा में काम आ रहे हैं।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक पंचायत प्रतिनिधि सक्रिय नहीं होंगे, तब तक शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक नहीं पहुंच पाएगा। सरकार पंचायतों को आर्थिक और प्रशासनिक रूप से और अधिक सशक्त बनाने के लिए हर संभव संसाधन उपलब्ध कराने हेतु प्रतिबद्ध है।
सुशासन तिहार और बिजली बिल माफी की सौगात: सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने गिनाई सरकार की उपलब्धियां
सम्मेलन के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति देने के लिए अटल डिजिटल सेवा केंद्रों और जल जीवन मिशन 2.0 की महत्ता पर जोर दिया। उन्होंने घोषणा की कि सुशासन तिहार के माध्यम से गांवों में शिविर लगाकर समस्याओं का मौके पर निपटारा किया जाएगा, साथ ही मुख्यमंत्री बिजली बिल समाधान योजना के तहत सरचार्ज माफी का लाभ भी ग्रामीणों को मिलेगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन के प्रोजेक्ट धड़कन, दधीचि और बिजनेस दीदी जैसे नवाचारी स्टालों का अवलोकन किया और विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को सम्मानित किया। कार्यक्रम में राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा और सांसद बृजमोहन अग्रवाल सहित कई गणमान्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे, जिन्होंने गांवों के सर्वांगीण विकास के संकल्प को दोहराया।


