ओमान तट के पास फिर जहाज पर हमला, MT जलवीर में लगी आग; भारतीय दूतावास हालात पर रखे हुए है नजर

नई दिल्ली। ओमान तट के पास समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंता एक बार फिर बढ़ गई है। बुधवार को एक कमर्शियल जहाज पर हुए हमले के 24 घंटे के भीतर गुरुवार को एक और जहाज पर हमले की खबर सामने आई है। इस बार शिनास बंदरगाह के पास MT जलवीर नामक पोत को निशाना बनाया गया। घटना के बाद जहाज में आग लग गई, जिसकी तस्वीरें भी सामने आई हैं।
मामले की जानकारी मिलते ही स्थानीय प्रशासन और संबंधित एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं। घटना को लेकर जांच शुरू कर दी गई है।
भारतीय दूतावास ने दी जानकारी
ओमान में भारतीय दूतावास ने बताया कि शिनास बंदरगाह के पास एक जहाज से जुड़ी गंभीर घटना की सूचना मिली है। हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है और स्थानीय अधिकारियों के साथ संपर्क बनाए रखा गया है।
अधिकारियों का कहना है कि घटना के कारणों और नुकसान को लेकर अभी विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है। फिलहाल किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
एक दिन पहले भी हुआ था हमला
इससे पहले 10 जून को ओमान तट के पास एक अन्य कमर्शियल जहाज पर हमला हुआ था। उस जहाज का नाम सेटेबेलो बताया गया था। जहाज पर कुल 28 लोग सवार थे, जिनमें 24 भारतीय नागरिक शामिल थे।
हमले के बाद राहत और बचाव अभियान चलाया गया। विदेश मंत्रालय के अनुसार 21 भारतीयों को सुरक्षित बचा लिया गया। वहीं तीन भारतीय लापता हो गए थे। बाद में लापता लोगों में से दो के शव मिलने की जानकारी भी सामने आई।
बचाव अभियान जारी
विदेश मंत्रालय ने कहा है कि ओमान में भारतीय दूतावास पूरी स्थिति पर नजर बनाए हुए है। दूतावास ओमान सरकार और स्थानीय एजेंसियों के साथ लगातार समन्वय कर रहा है।
लापता लोगों की तलाश और अन्य प्रभावित लोगों की सहायता के लिए खोज एवं बचाव अभियान जारी है।
समुद्री सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता
लगातार दो दिनों में जहाजों पर हुए हमलों ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। वैश्विक शिपिंग कंपनियां भी हालात पर नजर रखे हुए हैं।
कुछ अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि क्षेत्र में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव का असर समुद्री गतिविधियों पर पड़ सकता है। हालांकि हमलों के पीछे किसका हाथ है, इसे लेकर अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नजर
ओमान तट और अरब सागर क्षेत्र दुनिया के महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्गों में शामिल हैं। ऐसे में इस तरह की घटनाओं पर कई देशों की नजर बनी हुई है। फिलहाल सभी संबंधित एजेंसियां MT जलवीर मामले की जांच में जुटी हैं और आगे की जानकारी का इंतजार किया जा रहा है।



