NEET विवाद के बीच NTA में बड़ा फेरबदल, केंद्र ने 4 वरिष्ठ अधिकारियों की नियुक्ति को दी मंजूरी

National Testing Agency यानी एनटीए में केंद्र सरकार ने बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया है। नीट पेपर लीक विवाद के बीच सरकार ने एजेंसी में चार वरिष्ठ अधिकारियों की नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। इनमें दो संयुक्त सचिव और दो संयुक्त निदेशक स्तर के अधिकारी शामिल हैं।

इन नियुक्तियों को कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग यानी DoPT ने कैबिनेट की नियुक्ति समिति की मंजूरी के बाद जारी किया है। एनटीए देश में होने वाली बड़ी प्रवेश परीक्षाएं जैसे NEET और JEE आयोजित करती है। यह संस्था शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग के अधीन काम करती है।
कौन बने संयुक्त सचिव?
सरकार ने Anuja Bapat और Ruchita Vij को एनटीए में संयुक्त सचिव स्तर की जिम्मेदारी सौंपी है।
अनुजा बापट भारतीय सांख्यिकीय सेवा (ISS) की 1998 बैच की अधिकारी हैं। वहीं रुचिता विज भारतीय राजस्व सेवा (IRS-C&IT) की 2004 बैच की अधिकारी हैं।
दो अधिकारियों को बनाया गया जॉइंट डायरेक्टर
इसके अलावा दो अफसरों को एनटीए में संयुक्त निदेशक यानी जॉइंट डायरेक्टर नियुक्त किया गया है। इन नियुक्तियों को सिविल सर्विसेज बोर्ड की सिफारिश पर मंजूरी मिली है।
Akash Jain को जॉइंट डायरेक्टर बनाया गया है। वह इंडियन रेवेन्यू सर्विस (इनकम टैक्स) के 2013 बैच के अधिकारी हैं। उन्हें लेटरल शिफ्ट के जरिए एनटीए भेजा गया है। उनका कार्यकाल 4 दिसंबर 2029 तक रहेगा।
वहीं Aditya Rajendra Bhojgadhiya को भी जॉइंट डायरेक्टर बनाया गया है। वह इंडियन ऑडिट एंड अकाउंट्स सर्विस (IA&AS) के 2013 बैच के अधिकारी हैं। उनका कार्यकाल 16 मई 2028 तक रहेगा।
हाल के महीनों में NEET परीक्षा और पेपर लीक को लेकर एनटीए लगातार सवालों के घेरे में रही है। ऐसे में इन नई नियुक्तियों को एजेंसी की कार्यप्रणाली मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।



