Raipur Crime News: रायपुर कमिश्नरेट का पहला बड़ा एक्शन; शातिर बदमाश ‘मनिया’ जिला बदर, 6 जिलों की सीमा में घुसने पर रोक

First District Expulsion in Raipur Commissionerate: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में कमिश्नरेट सिस्टम (Commissionerate System Raipur) लागू होने के बाद अपराधियों पर शिकंजा कसना शुरू हो गया है। रायपुर पुलिस ने इतिहास में पहली बार कमिश्नरेट प्रणाली के तहत ‘जिला बदर’ (District Expulsion) की बड़ी कार्रवाई की है। गुढ़ियारी इलाके के नामी और आदतन बदमाश अविनाश कोसले उर्फ मनिया को रायपुर समेत आस-पास के 6 जिलों की सीमाओं से बाहर खदेड़ दिया गया है। अब वह बिना कोर्ट की इजाजत के इन जिलों में पैर भी नहीं रख पाएगा।
12 से ज़्यादा केस, चाकूबाजी और मर्डर की कोशिश; सुधरा नहीं तो पुलिस ने खदेड़ा
यह पूरी कार्रवाई पुलिस उपायुक्त (DC North Zone Raipur) मयंक गुर्जर की रिपोर्ट और अनुशंसा पर की गई है। विकास नगर का रहने वाला अविनाश कोसले उर्फ मनिया पुलिस रिकॉर्ड में एक शातिर अपराधी है। उसके खिलाफ हत्या के प्रयास (attempt to murder), अवैध वसूली और चाकूबाजी जैसे गंभीर धाराओं में 12 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह कई बार जेल की हवा भी खा चुका है, लेकिन जेल से छूटने के बाद फिर से वारदातों को अंजाम देने लगता था। इलाके में उसके बढ़ते खौफ को देखते हुए पुलिस ने यह कड़ा कदम उठाया है।
पुलिस कमिश्नर का कड़ा आदेश- 30 अगस्त तक नहीं मिलेगी एंट्री
रायपुर के पुलिस कमिश्नर (Raipur Police Commissioner) डॉ. संजीव शुक्ला ने आधिकारिक आदेश जारी कर मनिया को 29 मई की शाम 5 बजे से ही रायपुर, दुर्ग, धमतरी, महासमुंद, बलौदाबाजार और गरियाबंद जिलों की सरहद से बाहर जाने का फरमान सुना दिया है। आदेश के मुताबिक, वह आगामी 30 अगस्त तक इन 6 जिलों की सीमा में सक्षम न्यायालय की अनुमति के बिना एंट्री नहीं कर सकेगा। अगर वह इस दौरान कहीं भी छुपा पाया गया, तो उसके खिलाफ सीधे जेल भेजने की कार्रवाई होगी।



