कनाडा भेजने के नाम पर 1.83 करोड़ की ठगी: दिल्ली पुलिस ने पंजाब के ‘हाईप्रोफाइल’ जालसाज को दबोचा

नई दिल्ली। कनाडा जाने और वहां बिजनेस सेट करने का सपना देख रही एक महिला के साथ करोड़ों की ठगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की साइबर सेल ने इस बड़े वीजा फ्रॉड का भंडाफोड़ करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने महिला को झांसा देकर करीब 1.83 करोड़ रुपये (2,95,000 कैनेडियन डॉलर) ऐंठ लिए थे। पकड़ा गया आरोपी पंजाब के डेराबस्सी का रहने वाला धर्मिंदर शर्मा है, जो पढ़ा-लिखा एमबीए ग्रेजुएट है।
ऐसे जीता महिला का भरोसा
मामला कोविड-19 की पहली लहर के ठीक बाद का है। पीड़ित महिला अपने बेहतर भविष्य के लिए कनाडा शिफ्ट होना चाहती थी। इसी दौरान उसकी मुलाकात धर्मिंदर शर्मा से हुई। धर्मिंदर ने खुद को एक बड़ी इमिग्रेशन कंसल्टेंसी फर्म का डायरेक्टर बताया। उसने खुद को कनाडा इमिग्रेशन और विदेशी निवेश मामलों का बड़ा एक्सपर्ट साबित कर महिला का भरोसा जीत लिया।
बिजनेस पार्टनर बनाने का झूठा खेल
धर्मिंदर ने महिला को कनाडा की एक हॉस्पिटैलिटी कंपनी में शेयरहोल्डर और डायरेक्टर बनाने का लालच दिया। उसने कहा कि बिजनेस निवेश योजना के तहत 2.50 लाख कैनेडियन डॉलर निवेश करने होंगे। साथ ही 45 हजार डॉलर प्रोफेशनल फीस भी मांग ली। महिला ने भरोसा करके कुल 1.83 करोड़ रुपये ट्रांसफर कर दिए। आरोपी ने कुछ फर्जी दस्तावेज भी तैयार किए ताकि महिला को शक न हो। लेकिन जांच में पता चला कि महिला को कभी कंपनी में कोई हिस्सेदारी मिली ही नहीं।
खातों में आते ही ठिकाने लगा दिए पैसे
जैसे ही विदेशी बैंक खातों में मोटी रकम आई, आरोपी ने अपना असली रंग दिखा दिया। उसने पैसे को बिजनेस में लगाने के बजाय कैश निकाल लिया और अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर कर दिया। जब कनाडाई अधिकारियों ने महिला का वीजा रिजेक्ट कर दिया, तब भी आरोपी उसे झूठा दिलासा देता रहा। वह कभी री-कंसिडरेशन तो कभी कागजी कार्रवाई का बहाना बनाकर समय टालता रहा।
लैपटॉप खोलेगा कई और राज
लगातार मिल रहे बहानों से परेशान होकर पीड़ित महिला ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। साइबर सेल ने तकनीकी जांच के बाद आरोपी धर्मिंदर शर्मा को दबोच लिया। पुलिस ने उसके पास से एक लैपटॉप बरामद किया है। पुलिस का कहना है कि इस लैपटॉप में मौजूद ईमेल, वित्तीय लेनदेन के रिकॉर्ड और सोशल मीडिया चैट से कई और बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।


