ताड़मेटला नक्सली हमले की 16वीं बरसी, शहीद जवानों को दी गई श्रद्धांजलि

रायपुर। 6 अप्रैल को ताड़मेटला नक्सली हमले की 16वीं बरसी मनाई जा रही है। इस अवसर पर केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल ने शहीद जवानों को नम आंखों से श्रद्धांजलि अर्पित की। शहीदों की स्मृति में बनाए गए शहीद स्मारक का लोकार्पण आज सीआरपीएफ के महानिदेशक ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह द्वारा किया जाएगा। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ पुलिस और केंद्रीय बलों के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।
गौरतलब है कि 6 अप्रैल 2010 को दंतेवाड़ा जिले के ताड़मेटला-चिंतागुफा क्षेत्र में नक्सलियों ने घात लगाकर बड़ा हमला किया था। इस हमले में सीआरपीएफ के 74 जवान और छत्तीसगढ़ पुलिस के 2 जवान शहीद हो गए थे। कुल 76 सुरक्षाकर्मियों ने वीरगति प्राप्त की थी।
बताया जाता है कि करीब 1000 नक्सलियों ने योजनाबद्ध तरीके से इस हमले को अंजाम दिया था। यह घटना सुबह करीब 5:30 से 6 बजे के बीच हुई, जब सुरक्षा बलों के जवान ऑपरेशन से लौट रहे थे। नक्सलियों ने पहले आईईडी विस्फोट किया और इसके बाद भारी गोलीबारी शुरू कर दी, जिससे जवानों को संभलने का मौका नहीं मिला।
यह मुठभेड़ 7 घंटे से अधिक समय तक चली, जिसमें 8 नक्सली भी मारे गए थे। हमले के बाद नक्सली जवानों के हथियार और बख्तरबंद वाहन लेकर फरार हो गए थे। उस समय यह घटना देश में सुरक्षा बलों पर हुआ सबसे बड़ा और घातक नक्सली हमला माना गया था।
सूत्रों के अनुसार, इस हमले की अगुवाई कुख्यात माओवादी नेता पापाराव ने की थी, जिसने हाल ही में अपने साथियों के साथ आत्मसमर्पण किया है।



