ChhattisgarhRaigarh

SKA कंपनी पर मजदूरों के गंभीर आरोप, कलेक्टर ने दिए जांच के आदेश

धरमजयगढ़। रायगढ़ जिले के छाल क्षेत्र की खुली खदान में ठेका कंपनी एसकेए (SKA) के खिलाफ मजदूरों की शिकायतों को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। श्रमिकों की ओर से 9 सूत्रीय शिकायत दिए जाने के बाद कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी मयंक चतुर्वेदी ने मामले की जांच के लिए संयुक्त जांच दल गठित कर दिया है। कलेक्टर कार्यालय की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि जांच सिर्फ लात खुली खदान तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि रायगढ़ जिले की अन्य खदानों में काम कर रही ठेका कंपनियों के श्रम कानूनों के पालन की भी जांच की जाएगी।

8 घंटे की जगह 12 घंटे काम कराने का आरोप

एसईसीएल छाल क्षेत्र की खुली खदान सिम-3 विस्तार में काम कर रहे मजदूरों ने ठेका कंपनी सुनील कुमार अग्रवाल (एसकेए) के खिलाफ कई गंभीर शिकायतें की हैं। श्रमिकों का आरोप है कि उनसे नियमानुसार 8 घंटे के बजाय रोजाना करीब 12 घंटे काम कराया जा रहा है। इतना ही नहीं, महीने के 30 से 31 दिन तक लगातार काम कराने और साप्ताहिक अवकाश नहीं देने का भी आरोप लगाया गया है।

HPC दर का लाभ नहीं देने की शिकायत

मजदूरों ने वेतन में विसंगति का आरोप लगाते हुए कहा है कि एसईसीएल की ओर से बजट जारी किए जाने के बावजूद उन्हें निर्धारित हाई पावर कमेटी (HPC) दर का लाभ नहीं मिल रहा है। इसके अलावा घर से आने-जाने वाले कर्मचारियों के वेतन से कमरे और भोजन के नाम पर कथित तौर पर 6 हजार रुपए तक की कटौती किए जाने की शिकायत भी प्रशासन से की गई है।

पे-स्लिप और सेफ्टी किट नहीं मिलने का आरोप

शिकायत में मजदूरों ने पे-स्लिप, सेफ्टी किट और बोनस जैसी सुविधाएं नहीं मिलने का भी आरोप लगाया है। श्रमिकों का कहना है कि वेतन भुगतान में भी पारदर्शिता नहीं बरती जा रही है। वहीं, अपने अधिकारों और समस्याओं को लेकर आवाज उठाने वाले मजदूरों को नौकरी से निकालने की धमकी दिए जाने का आरोप भी लगाया गया है।

5 सदस्यीय जांच दल करेगा जांच

कलेक्टर के आदेश के तहत 5 सदस्यीय संयुक्त जांच दल बनाया गया है। इसकी अध्यक्ष डिप्टी कलेक्टर शिल्पा भगत होंगी। टीम में सहायक श्रम आयुक्त घनश्याम पाणिग्राही, उप संचालक औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा राहुल पटेल, खनिज अधिकारी रमाकांत सोनी और संबंधित क्षेत्र के तहसीलदार को सदस्य बनाया गया है।

दस्तावेजों की जांच और बयान होंगे दर्ज

जांच दल को तत्काल कार्यस्थल का दौरा करने के निर्देश दिए गए हैं। टीम एसकेए के मस्टर रोल, वेतन भुगतान पंजी और HPC दरों के क्रियान्वयन से जुड़े दस्तावेजों का भौतिक सत्यापन करेगी। इसके साथ ही शिकायत करने वाले श्रमिकों और ठेका कंपनी के प्रबंधन के विस्तृत बयान भी दर्ज किए जाएंगे।

जिले की अन्य खदानों में भी होगा औचक निरीक्षण

प्रशासन ने जांच का दायरा बढ़ाते हुए जिले की अन्य खदानों को भी इसमें शामिल किया है। जांच दल एसईसीएल छाल क्षेत्र और रायगढ़ जिले में संचालित अन्य खदानों का सघन और औचक निरीक्षण करेगा। इस दौरान यह भी जांचा जाएगा कि दूसरी खदानों में काम कर रही ठेका कंपनियां श्रम कानूनों, न्यूनतम मजदूरी और औद्योगिक सुरक्षा मानकों का पालन कर रही हैं या नहीं। कथित अवैध वेतन कटौती और HPC दरों की अनदेखी की भी जांच होगी।

5 दिन में कार्रवाई नहीं तो काम बंद करने की चेतावनी

श्रमिकों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि 5 दिनों के भीतर निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो छाल उपक्षेत्र में काम पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा। प्रशासन ने औद्योगिक शांति, श्रमिकों के वैधानिक अधिकारों और कानून-व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए जांच के आदेश दिए हैं।

7 दिन में देनी होगी जांच रिपोर्ट

कलेक्टर के 11 अगस्त 2026 के आदेश के मुताबिक संयुक्त जांच दल को लात खदान के साथ अन्य खदानों की स्थिति की जांच कर अपनी रिपोर्ट स्पष्ट अनुशंसा के साथ 7 दिनों के भीतर कलेक्टर कार्यालय में प्रस्तुत करनी होगी। आदेश तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है।

Chaiपुर
Show More

desk@NU

News is at the very core of an informed citizen, it builds awareness about the happenings around and such awareness can be crucial in taking decisions on a normal working day. At NATION UPDATE News, We believe that every news starts with a voice, a voice with concern that wants to discuss or criticise what’s happening around. So before becoming news, it first becomes the voice of masses, that’s what news is at NATION UPDATE News.

Related Articles

Back to top button

You cannot copy content of this page

Adblock Detected

Please consider supporting us by disabling your ad blocker