सीएम ने केन बेतवा लिंक परियोजना को बताया अद्भुत, 1382 गांव के साथ 4 लाख 51 हजार 364 हेक्टेयर का क्षेत्र होगा सिंचित

खजुराहो। एमपी के खजुराहो के छत्रसाल कान्वेंशन सेंटर में आज प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खजुराहो सांसद विष्णुदत्त शर्मा, वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री दिलीप अहिरवार, जिले के सभी विधायकों और अधिकारियों के साथ देश की सबसे बड़ी सिंचाई परियोजना केन बेतवा लिंक परियोजना की प्रोग्रेस रिपोर्ट की जानकारी अधिकारियों से ली। सीएम ने कहा कि केन बेतवा लिंक परियोजना में जो भी विसंगतियां हों, सभी के साथ मिल बैठकर पूरा किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पूरी परियोजना से पूरे बुंदेलखंड सहित मध्य भारत के विदिशा, रायसेन जिले तक लाभ मिलने वाला है। मध्यप्रदेश में ऐसे में सिंचाई जल उर्जा के क्षेत्र में जबरदस्त बदलाव आएगा, मध्यप्रदेश में 8.11 लाख हेक्टेयर सिंचाई की क्षमता बढ़ेगी, 103 मेगावाट जल्द, 27 मेगावाट सौर ऊर्जा उत्पादन का लाभ मिलेगा। 44 लाख लोगों को 60 एमसीएम का पीने का पानी भी मिले। यह वाकई चमत्कार करने वाली अद्भुत परियोजना है।
इस परियोजना के लिए अलग अलग प्रकार से पन्ना,दमोह, छतरपुर,टीकमगढ़ निवाड़ी इनकी सिंचाई का रकबा जिसमें पन्ना का पंद्रह का 70 हजार हेक्टेयर , दमोह जिले का 20 हजार 101 हेक्टेयर, छतरपुर जिले का 3 लाख 11 हजार 151 हेक्टेयर, टीकमगढ़ जिले का 25 हजार,112 हेक्टेयर, निवाड़ी जिले का 25 हजार हेक्टेयर रकवा, ऐसे करके इसका बड़ा हेक्टेयर देखा जाए तो 4 लाख 51 हजार 364 हेक्टेयर का पूरा क्षेत्र सिंचित होने वाला है कुल रकवा 6 लाख के आस पास होगा। कुल मिलाकर इस सिंचाई परियोजना से 1382 गाँव को इसका लाभ मिलेगा।
‘बदनाम करने की कोशिश न करें’
केन बेतवा लिंक परियोजना के दौरान मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी का नाम लिए बिना कहा कि परियोजना में किसी को कोई भी कठिनाई है सरकार उसका पूरा पक्ष सुनने को तैयार है। हमारी सद्भावना सबके साथ है। सरकार ये चाहेगी की कोई भूल से भी गलती न हो, कोई इसको बदनाम करने की कोशिश करे, कोई राजनीतिक लाभ ले, इसकी मैं निंदा करूंगा। ये इतनी बड़ी परियोजना से पूरा बंदेलखंड का पूरा जीवन तंत्र बदलने वाला है। बड़े पैमाने पर भुखमरी और जो पलायन होता था वो पूरा क्षेत्र बदलने वाला है। तो ऐसे में जो लाभान्वित होने वाले लोग हैं उनके साथ प्रभावित लोगों को कोई बरगलाने का काम न करे। ऐसे बरगलाने का काम मत करिए, जिससे अच्छी योजना के बारे में बगैर बात के कोई गलत धारणा बने।



