Ebola Alert in India: युगांडा और कांगो से आए संदिग्ध मरीजों ने बढ़ाई चिंता, रिपोर्ट निगेटिव आने से राहत

Ebola को लेकर भारत में एक बार फिर सतर्कता बढ़ गई है। बेंगलुरु और गुजरात में सामने आए दो संदिग्ध मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी थी। हालांकि राहत की बात यह रही कि दोनों मामलों की रिपोर्ट निगेटिव आई है। इसके बाद भी Health Department और Airport Screening System को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
पहला मामला Bengaluru का है। युगांडा से 23 मई को आई 28 वर्षीय महिला अहमदाबाद होते हुए केम्पेगौड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंची थी। एयरपोर्ट स्क्रीनिंग के दौरान उसमें कोई गंभीर लक्षण नहीं मिले। बाद में होटल पहुंचने पर महिला को तेज बदन दर्द और थकावट की शिकायत हुई। सूचना मिलते ही उसे Epidemic Diseases Hospital में आइसोलेट किया गया। पुणे की NIV लैब में जांच के बाद उसकी रिपोर्ट निगेटिव आई।
दूसरा मामला Vadodara और अहमदाबाद से जुड़ा है। कांगो के दो नागरिक बिजनेस ट्रिप पर भारत आए थे। मुंबई, सिलवासा और दमन में घूमने के बाद 22 मई को वडोदरा पहुंचे। इनमें से एक 37 वर्षीय व्यक्ति की तबीयत बिगड़ने लगी। उसे 26 मई को आइसोलेशन में रखा गया और सैंपल जांच के लिए NIV Pune भेजे गए। रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद राहत मिली, लेकिन उसके संपर्क में आए करीब 20 लोगों को क्वारंटीन किया गया है।
Praful Pansheriya ने कहा कि फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं है। लेकिन इन मामलों ने Airport Screening, International Travel और Infection Control System को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
विशेषज्ञों के मुताबिक इबोला बेहद खतरनाक वायरस है। इसकी मृत्यु दर 50 से 60 प्रतिशत तक हो सकती है। मौजूदा Bundibugyo Strain में भी Fatality Rate काफी ज्यादा माना जा रहा है। फिलहाल Democratic Republic of the Congo और Uganda में इबोला के हजार से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि केवल Thermal Screening काफी नहीं है। कोविड महामारी के दौरान भी कई Asymptomatic Cases एयरपोर्ट जांच से बच गए थे। यही वजह है कि अब अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की निगरानी और Contact Tracing को और मजबूत करने की मांग उठ रही है।



