IAS प्रशिक्षु अधिकारियों से मिले मुख्यमंत्री साय, बोले- जनहित और संवेदनशीलता हो प्रशासन की पहचान

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से सोमवार को राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के तीन प्रशिक्षु अधिकारियों ने सौजन्य मुलाकात की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को प्रशासनिक सेवा में सफल और जनोन्मुखी कार्यशैली अपनाने के लिए मार्गदर्शन दिया।

मुख्यमंत्री ने प्रशिक्षु अधिकारियों को बधाई देते हुए कहा कि प्रशासनिक सेवा जनसेवा का सबसे प्रभावी माध्यम है। एक अधिकारी के निर्णय हजारों लोगों के जीवन को प्रभावित करते हैं, इसलिए हर निर्णय में जनहित सर्वोपरि होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से संवेदनशीलता, निष्पक्षता और समर्पण के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने का आग्रह किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रशिक्षण और शिक्षा के दौरान अर्जित ज्ञान का वास्तविक महत्व तभी है, जब उसका उपयोग समाज और आम लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को सलाह दी कि वे जमीनी स्तर पर लोगों के बीच जाकर उनकी समस्याओं को समझें और समाधान के लिए सक्रिय भूमिका निभाएं।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रशिक्षु अधिकारियों को छत्तीसगढ़ की सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक विशेषताओं से भी अवगत कराया। उन्होंने प्रदेश में तेजी से विकसित हो रही कनेक्टिविटी, पर्यटन की संभावनाओं, नक्सल उन्मूलन की दिशा में मिली सफलताओं और विकास की नई पहलों की जानकारी साझा की। साथ ही जनजातीय संस्कृति और प्रदेश की विविधताओं पर भी अपने अनुभव बताए।
प्रशिक्षु अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि प्रशिक्षण के दौरान उन्हें बस्तर संभाग के सुकमा और बीजापुर सहित सरगुजा संभाग के जशपुर, सरगुजा और कोरिया जिलों का भ्रमण करने का अवसर मिला। इस दौरान उन्होंने स्थानीय संस्कृति, विकास गतिविधियों और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को करीब से समझा। अधिकारियों ने मां दंतेश्वरी के दर्शन का अनुभव भी साझा किया।
उल्लेखनीय है कि प्रशिक्षु IAS अधिकारी गोकुल आर. के., वी. यशवंत नायक और ईशांत जायसवाल वर्तमान में छत्तीसगढ़ प्रशासन अकादमी, निमोरा में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। तीनों अधिकारियों को छत्तीसगढ़ कैडर आवंटित हुआ है। जिला प्रशिक्षण पर रवाना होने से पहले उन्होंने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर उनका मार्गदर्शन प्राप्त किया।


