8 Indian Sailors Return Amidst Iran-Israel Conflict
International

ईरान-इजरायल जंग के बीच से लौटे 8 भारतीय नाविक: 50 दिन जेल, 1800 किमी का सफर और भूख; सुनाई मौत के साये की दास्तां!

मुंबई। ईरान-इजरायल-अमेरिका युद्ध के बीच ईरान में फंसे भारतीय नाविकों ने जंग के दौरान अपने भयावह अनुभव साझा किए। डीजल तस्करी के आरोप में हिरासत में लिए गए चालक दल को 27 फरवरी को रिहाई मिली, लेकिन अगले दिन युद्ध शुरू हो गया। भारतीय दूतावास की मदद से 1800 किलोमीटर का जोखिम भरा सफर तय कर ये नाविक आर्मेनिया के रास्ते रविवार को भारत लौट आए।

फॉरवर्ड सीमेन यूनियन ऑफ इंडिया के महासचिव मनोज यादव ने बताया कि सुबह आठ बजे आठ भारतीय नाविक आर्मेनिया होते हुए मुंबई पहुंचे। उन्होंने बताया कि नाविक 50 दिनों तक जेल में रहे और उनका सामान गुम हो गया था। वे अपने परिवार से संपर्क नहीं कर पा रहे थे। यूनियन उन्हें हर संभव सुविधा मुहैया कराने का प्रयास कर रही है।

भारतीय नौसेना के कप्तान विजय कुमार ने बताया कि ईरान में बिताया गया समय बहुत कष्टदायक था। युद्ध शुरू होने पर शुरुआत में उन्हें कुछ समझ नहीं आया। उन्होंने भारतीय दूतावास से संपर्क कर अपनी स्थिति से अवगत कराया। उनके पास पैसे नहीं थे। एक टैक्सी मिली जिसने 3000 डॉलर मांगे। उन्होंने टैक्सी से करीब 1800 किलोमीटर का सफर तय किया। कई दिन ऐसे भी रहे जब उन्होंने खाना नहीं खाया। उन्होंने सरकार के समर्थन के लिए आभार जताया।

ऑयलर मसूद आलम ने बताया कि उन्होंने 50 दिन ईरान की जेल में बिताए। परिवार के सभी सदस्य बहुत परेशान थे। वे दुबई से आए थे और यमन से डीजल उतारने के बाद लौट रहे थे। ईरान में वे एक दूसरे जहाज की मदद करने जा रहे थे। नौसेना आई और गोलीबारी शुरू कर दी। जेल में उनके साथ यातना नहीं दी गई, लेकिन वे बहुत दुखी थे। जेल से निकलने के बाद उन्होंने अपने पैसों से टैक्सी से 1800 किलोमीटर की यात्रा की। भारतीय दूतावास और भारत सरकार ने अच्छा सहयोग दिया। देश वापस आकर बहुत अच्छा लग रहा है।

गौरतलब है कि यूएई की टैंकर जहाज एमटी वैलियंट रोआ के चालक दल को दिसंबर 2025 में डीजल तस्करी के आरोप में ईरान ने हिरासत में लिया था। भारतीय दूतावास की मदद से 27 फरवरी को रिहाई मिली, लेकिन अगले ही दिन युद्ध शुरू हो गया।

Chaiपुर
Show More

NU Desk

News is at the very core of an informed citizen, it builds awareness about the happenings around and such awareness can be crucial in taking decisions on a normal working day. At NATION UPDATE News, We believe that every news starts with a voice, a voice with concern that wants to discuss or criticise what’s happening around. So before becoming news, it first becomes the voice of masses, that’s what news is at NATION UPDATE News.

Related Articles

Back to top button

You cannot copy content of this page

Adblock Detected

Please consider supporting us by disabling your ad blocker