बिहार: एसडीपीओ पर 80 करोड़ की अवैध संपत्ति का आरोप, ईओडब्ल्यू ने शुरू की जांच

पटना। बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (ईओडब्ल्यू) ने बड़ी कार्रवाई की है। किशनगंज के एसडीपीओ गौतम कुमार पर 80 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति बनाने का आरोप है। ईडी भी जल्द ही मनी लॉन्ड्रिंग की जांच शुरू करेगी। पुलिस मुख्यालय ने उन्हें पद से हटाकर मुख्यालय अटैच कर दिया है और उनका निलंबन तय माना जा रहा है।
ईओडब्ल्यू की जांच में पता चला है कि गौतम कुमार ने अपने नाम पर कोई जमीन नहीं खरीदी। पूर्णिया में मिले 16 प्लॉटों में से सात उनकी प्रेमिका, चार पत्नी, तीन सास और एक बेटे के नाम पर हैं। प्रेमिका के खाते में भारी लेनदेन मिला है, उसके नाम पर ट्रक और महंगे जेवर भी खरीदे गए। पटना के अलावा नोएडा और गुरुग्राम में भी उनके फ्लैट हैं। जांच में एक विधायक के साथ गहरे संबंध और सिलीगुड़ी में चाय बागान खरीदने के भी सबूत मिले हैं।
वहीं सहरसा के डीआरडीए निदेशक वैभव कुमार भी जांच के दायरे में हैं। मात्र 12-13 साल की नौकरी में उन्होंने पटना और मुजफ्फरपुर में 16 प्लॉट खरीदे, जिनकी सरकारी कीमत 10 करोड़ से अधिक है। उन्होंने नाबालिग बेटे के नाम पर मुजफ्फरपुर में आईटीआई कॉलेज भी खुलवाया है। दोनों अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर की कॉपी संबंधित विभागों को भेज दी गई है। आने वाले दिनों में ईओडब्ल्यू और ईडी की संयुक्त कार्रवाई से इन बेनामी संपत्तियों को जब्त किए जाने की संभावना है।



