NEET विवाद पर भाजपा का पलटवार, प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंहदेव ने कांग्रेस की मंशा पर उठाए सवाल

रायपुर। NEET पेपर लीक मामले में छात्रों के हितों के नाम पर कांग्रेस के पीएम आवास के समक्ष किए गए प्रदर्शन पर भाजपा अध्यक्ष किरण सिंहदेव ने तंज कसा है. उन्होंने कहा कि संसद में पक्ष और विपक्ष दोनों के बीच चर्चा होना चाहिए. छात्रों की समस्याओं के समाधान के विषय में चर्चा होनी चाहिए. लेकिन निजी स्वार्थ के लिए छात्रों के आंदोलन की बलि चढ़ा दी. छात्रों के हित में कोई बात नहीं हुई है.
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंहदेव ने प्रदेश महामंत्री नवीन मार्कण्डेय, अखिलेश जैन सहित कई नेताओं की मौजूदगी में प्रेस वार्ता के दौरान पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि पिछले 2 दिनों से पूरे देश में राजनीति छाई हुई है. हमारे देश में अलग-अलग विषयों पर कहने का लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन कांग्रेस ने उनके आंदोलन का स्वरूप बदल दिया. राहुल गांधी का व्यवहार पूरे देश ने देखा है.
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा प्रधानमंत्री मोदी छात्रों के हित से भलीभांति अवगत हैं. इसलिए परीक्षा फिर से कराने का निर्णय लिया गया. पेपर लीक के दोषियों पर कार्रवाई कराने का निर्णय लिया है. PM मोदी ने निर्णय लिया है कि जो भरपाई होगी वो हम करेंगे. किरण रिजिजू ने कहा कि हम इस विषय पर चर्चा करने तैयार हैं. लेकिन सदन के बाहर हंगामा कराके छात्रों के आंदोलन को ये दूसरे दिशा में ले गए हैं.
कांक्रोच जनता पार्टी के आंदोलन में किस तरह से श्रीराम का जिक्र हुआ. वहां जो हुड़दंग और मारपीट हुई है. पत्रकारों पर भी हमला किया गया. प्रधानमंत्री के लिए अपशब्दों का प्रयोग करना, गाली देना ये सभ्यता हमारे देश की नहीं है. सदन में इस पर चर्चा करनी चाहिए, तो उसमें भाग क्यों रहे हैं. हम सभी प्रकार से चर्चा के लिए तैयार हैं. लेकिन कांग्रेस सदन के अंदर कोई चर्चा नहीं चाहती है.
किरण सिंहदेव ने कहा कि संविधान का कोई विषय नहीं है. संविधान की छोटी सी किताब लेकर राहुल गांधी घूमते हैं. अपनी योजना के आधार पर राहुल गांधी धरने पर बैठ गए, जहां धरना प्रतिबंधित था. पीएम मोदी ने लोगों का मान सम्मान बढ़ाया है. अन्य देशों के लोग उसका अनुशरण करते हैं. विश्व में लोकप्रिय नेता के रूप में पीएम जाने जाते हैं. लेकिन किस उद्देश्य से आप गए हैं. संसद को आप चलने नहीं दे रहे हैं. अब अति हो गई है.
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि यूपीए सरकार के दौरान एम्स एमबीबीएस पेपर लीक हुआ था, हरियाणा में परीक्षा पेपर लीक हुआ था. 2012 के रेलवे ग्रुप पेपर लीक हुआ था. राहुल गांधी नेता प्रतिपक्ष हैं, जो संवैधानिक पद पर है. लेकिन उन्होंने इसका मान नहीं रखा है. सदन की गरिमा तार-तार हो रही है. दरअसल, पूरे देश में अराजकता पैदा करने की इनकी साज़िश है. पहले भी देश में ऐसी घटना हो चुकी है. ये हमारा देश ऋषि मुनियों का देश है. देश में आगे कैसे बढ़े, उसके किए हम काम कर रहे हैं.
कांग्रेस के घेराव पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि कौन कितने दिन का मेहमान है, यह निर्णय जनता का है. घेराव का कार्यक्रम बीजेपी का था. कांग्रेस ने पहले पुतला दहन कर लिया है. यह बहुत अनुशासित प्रदर्शन था. ये हल्ला हुआ है हम राजनीतिक दल के कार्यकर्ता है. लेकिन सवाल यह है कि इतने पत्थर वहां कैसे जमा हुए? पत्थरों की बौछार कहां से हुई है. बीजेपी के तरफ से एक भी घटना ऐसी नहीं हुई है.



