सोनपैरी में हिंदू सम्मेलन: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत का उद्बोधन सुना

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने मंगलवार को ग्राम सोनपैरी स्थित असंग देव कबीर आश्रम में आयोजित विशाल हिंदू सम्मेलन में भाग लिया और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत का मार्गदर्शक उद्बोधन सुना।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि डॉ. भागवत का संदेश छत्तीसगढ़ ही नहीं, पूरे भारत के नागरिकों के लिए प्रेरणास्रोत है। डॉ. भागवत ने अपने उद्बोधन में समाज निर्माण, राष्ट्र जागरण, सामाजिक समरसता और एकजुटता पर विशेष बल दिया। उन्होंने जाति, पंथ, भाषा जैसे भेदभावों से ऊपर उठकर सभी के साथ समान व्यवहार करने को हिंदू संस्कारों का सार बताया।
डॉ. भागवत ने संस्कृति संरक्षण, पर्यावरण सुरक्षा और समसामयिक चुनौतियों के समाधान पर भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपनी जिम्मेदारियों के प्रति सजग रहना चाहिए, ताकि राष्ट्रीय एकता और सामाजिक समरसता मजबूत बनी रहे। भारत में हर व्यक्ति की समान गरिमा और अधिकार सुनिश्चित होना चाहिए। उनका संदेश हिंदू समाज को संगठित करने के साथ-साथ पूरे राष्ट्र में सांस्कृतिक चेतना और सामाजिक जिम्मेदारी जागृत करने का है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि सम्मेलन में उपस्थित होकर उन्होंने अनेक विचार और अनुभव सुने, जो छत्तीसगढ़ समाज के लिए मार्गदर्शक होंगे। डॉ. भागवत का संदेश राज्य से निकलकर पूरे देश में सामाजिक सद्भाव, एकता और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करेगा।
कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों के संत, विद्वान और नागरिक उपस्थित थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे आयोजन धार्मिक-सांस्कृतिक चेतना बढ़ाने के साथ राष्ट्रीय जिम्मेदारी और सामाजिक सेवा के प्रति जागरूकता पैदा करते हैं। यह सम्मेलन सामाजिक समरसता, संस्कृति संरक्षण और राष्ट्र जागरण के संदेश को फैलाने में महत्वपूर्ण सिद्ध हुआ।



