छत्तीसगढ़ में अफीम की खेती पर सियासी उबाल: भूपेश बघेल के ‘अफीम स्टार्टअप’ वाले तंज पर अजय चंद्राकर का पलटवार

रायपुर। छत्तीसगढ़ में अफीम की अवैध खेती को लेकर सियासी विवाद तेज हो गया है। लगातार सामने आ रहे मामलों के बीच रायगढ़ जिले के लैलूंगा ब्लॉक में अवैध खेती मिलने के बाद राजनीतिक बयानबाजी शुरू हो गई है।
रायगढ़ के लैलूंगा ब्लॉक के नवीन घट गांव में तीन अलग-अलग खेतों में अफीम की खेती मिलने पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भाजपा पर कटाक्ष किया। उन्होंने तस्वीरें साझा करते हुए ‘सुशासन अफीम’ बताते हुए तंज कसा और कहा कि अब भाजपा को अपना चुनाव चिन्ह बदल लेना चाहिए।
इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए वरिष्ठ भाजपा नेता और विधायक अजय चंद्राकर ने कहा कि अफीम जैसी अवैध गतिविधियों पर केवल बयानबाजी से काम नहीं चलेगा। उन्होंने इसे गंभीर विषय बताते हुए कहा कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जरूरत है और इसमें प्रशासनिक व राजनीतिक संरक्षण की भी जांच होनी चाहिए।
अजय चंद्राकर ने भूपेश बघेल पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी राजनीति हमेशा चर्चा में बने रहने की रही है। उन्होंने कहा कि किसी भी मामले में तथ्यों की जांच कर ही कार्रवाई होनी चाहिए और केवल बयानबाजी से समस्या का समाधान नहीं होगा।
गौरतलब है कि पिछले 17 दिनों में राज्य में यह अफीम की अवैध खेती का पांचवां मामला है। इससे पहले दुर्ग, बलरामपुर और रायगढ़ के अन्य क्षेत्रों में भी ऐसे मामले सामने आ चुके हैं। पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि सभी तथ्यों की जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



