एलपीजी संकट: जमाखोरी पर सरकार सख्त, भोपाल से छत्तीसगढ़ तक हो रही ताबड़तोड़ कार्रवाई

नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष का असर अब दुनिया के कई देशों पर दिखाई देने लगा है। भारत भी इससे अछूता नहीं रहा है। हालात ऐसे बन गए हैं कि देश के कई हिस्सों में एलपीजी सिलेंडर की कमी महसूस की जा रही है। सरकार लोगों से पैनिक बुकिंग से बचने की अपील कर रही है, लेकिन इसके बावजूद गैस एजेंसियों और गोदामों के बाहर लंबी कतारें देखी जा रही हैं। कई लोग सुबह से लाइन में खड़े होकर सिलेंडर का इंतजार कर रहे हैं, फिर भी कई उपभोक्ताओं को निराश होकर लौटना पड़ रहा है।
सरकार ने कालाबाजारी और जमाखोरी के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। विभिन्न राज्यों में पुलिस और प्रशासन कार्रवाई कर रहे हैं। अधिक दाम पर सिलेंडर बेचने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। एलपीजी की कमी के चलते कई होटल और रेस्टोरेंट अब इंडक्शन या कोयले के सहारे काम चला रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि संकट के समय जमाखोरी और कालाबाजारी करने वालों पर कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
मध्य प्रदेश के भोपाल में प्रशासन ने एक बंद पड़ी गैस एजेंसी पर कार्रवाई करते हुए 668 सिलेंडर बरामद किए हैं। यहां तीन ट्रक सिलेंडर भी मिले हैं। इसके अलावा रजिस्टर में दर्ज किए बिना रखे गए 1574 सिलेंडर भी जब्त किए गए। प्रशासन के अनुसार एजेंसी द्वारा सिलेंडरों को अधिक कीमत पर बेचने की शिकायतें मिल रही थीं।
मुंबई में भी प्रशासन ने एलपीजी की कालाबाजारी के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। वर्ली क्षेत्र में छापेमारी के दौरान घरेलू और कमर्शियल सिलेंडर जब्त किए गए। जांच के दौरान 5 किलो के 6 भरे और 58 खाली सिलेंडर बरामद हुए। आरोप है कि यहां अवैध तरीके से सिलेंडर भरकर बेचने का काम किया जा रहा था। एलपीजी की कमी के कारण मुंबई के कई रेस्टोरेंट प्रभावित हुए हैं और कुछ स्थानों पर कोयले या लकड़ी के चूल्हे का सहारा लिया जा रहा है।
उत्तर प्रदेश में भी एलपीजी की मांग बढ़ने के कारण लोगों को गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतार में खड़ा होना पड़ रहा है। मुरादाबाद में जिलापूर्ति अधिकारी ने शिकायत मिलने पर एक गैस एजेंसी पर छापेमारी की, जहां बुकिंग और सिलेंडर वितरण में गड़बड़ी मिलने पर गोदाम को सील कर दिया गया। नोएडा में भी उपभोक्ताओं को सिलेंडर के लिए इंतजार करना पड़ रहा है।
छत्तीसगढ़ में भी प्रशासन ने एलपीजी जमाखोरी के खिलाफ कार्रवाई की है। राज्य के विभिन्न जिलों में 102 स्थानों पर छापेमारी की गई, जिसमें 741 सिलेंडर जब्त किए गए। रायपुर में सबसे अधिक 392 सिलेंडर जब्त हुए हैं। अधिकारियों का कहना है कि ऑनलाइन बुकिंग के बावजूद सिलेंडर नहीं मिलने के कारण लोग गैस गोदामों के बाहर कतार में खड़े नजर आ रहे हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जमाखोरी करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।



