उत्तर भारत में घने कोहरे का कहर, यातायात प्रभावित, कई राज्यों में अलर्ट जारी

नई दिल्ली। जम्मू से लेकर उत्तराखंड और दिल्ली से उत्तर प्रदेश के कई शहरों तक रात और सुबह के समय घने कोहरे का प्रकोप बना हुआ है। कई स्थानों पर दृश्यता 50 मीटर से भी कम दर्ज की जा रही है, जिससे सड़क, रेल और हवाई यातायात प्रभावित हो रहा है। हिमाचल प्रदेश के कुछ इलाकों में अत्यधिक घने कोहरे को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, पंजाब और हरियाणा में कड़ाके की ठंड पड़ रही है, जबकि तमिलनाडु के प्रसिद्ध हिल स्टेशन ऊंटी में तापमान शून्य से एक डिग्री नीचे चला गया है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार 31 दिसंबर तक उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत के कई इलाकों को घने कोहरे से राहत मिलने की संभावना नहीं है। उत्तर प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब में 31 दिसंबर तक रात और सुबह के समय बहुत घना कोहरा छाए रहने का अनुमान है।
हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 29 दिसंबर तक, जम्मू संभाग के कुछ इलाकों में 27 दिसंबर तक तथा बिहार, ओडिशा और पूर्वोत्तर भारत के कुछ हिस्सों में 29 दिसंबर तक घना कोहरा रहने की संभावना है। उप हिमालयी पश्चिम बंगाल और पूर्वी मध्य प्रदेश में 26 दिसंबर तक घने कोहरे का असर देखा जा सकता है।
आईएमडी के अनुसार हिमाचल प्रदेश में भाखड़ा बांध के आसपास के कुछ इलाकों में अगले चार दिनों तक बहुत घने कोहरे की आशंका है, जिसे देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। उना, हमीरपुर और फतेहपुर जिलों में यलो अलर्ट घोषित किया गया है। इसके अलावा कांगड़ा, मंडी, सोलन और सिरमौर जिलों में भी घना कोहरा पड़ने की संभावना जताई गई है।
पंजाब और हरियाणा में भीषण ठंड जारी है। पंजाब के गुरदासपुर में न्यूनतम तापमान 5.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि फरीदकोट में पारा 5.5 डिग्री रहा। अमृतसर में न्यूनतम तापमान 7 डिग्री और लुधियाना में 9.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हरियाणा में नारनौल सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां तापमान 5.4 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया। चंडीगढ़ में न्यूनतम तापमान 10.2 डिग्री दर्ज किया गया।
पंजाब और हरियाणा के विपरीत कश्मीर में ठंड का असर कुछ कम हुआ है। कश्मीर घाटी के अधिकांश इलाकों में न्यूनतम तापमान हिमांक बिंदु से ऊपर दर्ज किया गया। अधिकारियों के अनुसार हालिया बर्फबारी और बारिश के बाद बादल छाए रहने से ठंड में कमी आई है। श्रीनगर में न्यूनतम तापमान 3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि घाटी के अन्य हिस्सों में यह 1.8 से 5.6 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा।



