बाजार की कमजोर शुरुआत: वैश्विक अनिश्चितता और बिकवाली से लुढ़का बाजार, आईटी सेक्टर में सबसे ज्यादा दबाव

मुंबई। वैश्विक बाजारों से मिल रहे मिश्रित संकेतों के बीच गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत कमजोरी के साथ हुई। शुरुआती कारोबार के दौरान दलाल स्ट्रीट पर बिकवाली का दबाव देखा गया, जिसके चलते सेंसेक्स में करीब 400 अंकों की गिरावट आई। वहीं निफ्टी भी 120 अंक तक नीचे फिसल गया। आईटी क्षेत्र के शेयरों में बिकवाली और वैश्विक अनिश्चितताओं ने बाजार के उत्साह को कम कर दिया है।
कारोबार के दौरान बीएसई सेंसेक्स 311.77 अंक की गिरावट के साथ 83,821.87 के स्तर पर देखा गया। इसी तरह एनएसई निफ्टी 122.50 अंक टूटकर 25,831.35 पर पहुंच गया। बाजार में गिरावट का असर शेयरों की संख्या पर भी दिखा, जहां 1,658 शेयर गिरावट में रहे और केवल 1,105 शेयरों में ही बढ़त दर्ज की गई।
आईटी सेक्टर में दिखा सबसे ज्यादा दबाव
बाजार में आई इस गिरावट की मुख्य वजह आईटी क्षेत्र के शेयरों में रही बिकवाली है। इंफोसिस, टीसीएस, टेक महिंद्रा और विप्रो जैसे बड़े शेयर लाल निशान में कारोबार कर रहे हैं। वैश्विक टेक संकेतों और डॉलर के उतार-चढ़ाव ने इस सेक्टर को प्रभावित किया है। हालांकि, बैंकिंग और ऊर्जा क्षेत्र के शेयरों जैसे आईसीआईसीआई बैंक, एक्सिस बैंक, ओएनजीसी और एनटीपीसी में खरीदारी से बाजार को कुछ सहारा मिला।
आज आने वाले नतीजों पर टिकी नजर
बाजार की दिशा तय करने में आज जारी होने वाले विभिन्न कंपनियों के तिमाही नतीजे महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। हिंदुस्तान यूनिलीवर, कोल इंडिया, हिंडाल्को, आईआरसीटीसी और स्पाइसजेट जैसी प्रमुख कंपनियां आज अपने वित्तीय परिणाम घोषित करेंगी। इन नतीजों के आधार पर संबंधित शेयरों में हलचल देखने को मिल सकती है।
इन शेयरों में रहेगी हलचल
फेडरल बैंक में आरबीआई द्वारा आईसीआईसीआई ग्रुप को हिस्सेदारी बढ़ाने की मंजूरी मिलने के बाद निवेशकों की नजर इस स्टॉक पर रहेगी। वहीं, नेटवेब टेक्नोलॉजीज में प्रमोटर्स द्वारा हिस्सेदारी बेचने की खबरों और कर्नेक्स माइक्रोसिस्टम्स को बनारस लोकोमोटिव वर्क्स से मिले 411 करोड़ रुपये के बड़े ऑर्डर के कारण इन शेयरों में भी गतिविधि बढ़ने के आसार हैं। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आईटी शेयरों में कमजोरी बनी रही तो दबाव और बढ़ सकता है।



