दिल्ली में इस साल खुलेंगे चार नए अस्पताल, 3200 से अधिक बेड की होगी सुविधा

नई दिल्ली। दिल्लीवासियों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने और मौजूदा अस्पतालों पर बढ़ते दबाव को कम करने के उद्देश्य से सरकार इस वर्ष चार नए अस्पताल खोलने की तैयारी में है। इन अस्पतालों का निर्माण कार्य लगभग 65 से 85 प्रतिशत तक पूरा हो चुका है। साथ ही फर्नीचर की व्यवस्था और स्टाफ भर्ती की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। इन चारों अस्पतालों में कुल 3,200 से अधिक बेड उपलब्ध होंगे। अस्पताल पश्चिमी दिल्ली के हस्तसाल, मादीपुर, ज्वालापुरी और बाहरी दिल्ली के सिरसपुर क्षेत्र में बनाए जा रहे हैं।
अधिकारियों के अनुसार इन अस्पतालों का निर्माण कार्य वर्ष 2019-20 के दौरान शुरू किया गया था, लेकिन विभिन्न कारणों से इसकी गति धीमी रही। अब निर्माण कार्य में तेजी लाई गई है और लोक निर्माण विभाग ने अगले आठ महीनों के भीतर सभी अस्पतालों को तैयार करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
इन अस्पतालों के शुरू होने से पश्चिमी दिल्ली स्थित दीन दयाल उपाध्याय अस्पताल पर मरीजों का दबाव कम होगा, जो वर्तमान में आसपास के क्षेत्रों के लिए प्रमुख अस्पताल है। वहीं सिरसपुर में अस्पताल के निर्माण से बादली, बवाना, स्वरूप नगर, नंगली पूना, खेड़ा कलां सहित आसपास के इलाकों के लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।
लोक निर्माण विभाग के मंत्री प्रवेश वर्मा ने बताया कि करीब एक हजार करोड़ रुपये खर्च हो जाने के बावजूद पूर्व सरकार इन अस्पतालों को पूरा नहीं कर सकी। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए कानूनी कार्रवाई शुरू की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि परियोजनाओं में अनावश्यक देरी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।
पीडब्ल्यूडी सूत्रों के अनुसार परियोजनाओं के लंबे समय तक लंबित रहने के कारण इनकी लागत में लगातार बढ़ोतरी हुई है। ज्वालापुरी अस्पताल का टेंडर 269.5 करोड़ रुपये और मादीपुर अस्पताल का टेंडर 269.7 करोड़ रुपये में स्वीकृत हुआ था, लेकिन अब इन दोनों अस्पतालों की अनुमानित लागत बढ़कर करीब 472-472 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है।
सिरसपुर अस्पताल में कुल 1,164 बिस्तर होंगे। इसका निर्माण कार्य अगस्त 2020 में शुरू हुआ था और अब तक लगभग 80 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। इसे जुलाई 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
मादीपुर अस्पताल में 691 बिस्तर प्रस्तावित हैं। निर्माण कार्य नवंबर 2020 में शुरू हुआ था और अब तक 75 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। इसे भी जुलाई 2026 तक पूर्ण करने का लक्ष्य है।
हस्तसाल अस्पताल में 691 बिस्तरों की सुविधा होगी। इसका निर्माण जून 2021 में शुरू हुआ और अब तक लगभग 65 प्रतिशत कार्य पूरा किया जा चुका है। इसे सितंबर 2026 तक तैयार करने का लक्ष्य तय किया गया है।
ज्वालापुरी अस्पताल में भी 691 बिस्तर होंगे। इसका निर्माण अगस्त 2020 में शुरू हुआ था और लगभग 75 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। इस अस्पताल को जुलाई 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।



