चैतन्यानंद यौन उत्पीड़न मामला: पटियाला हाउस कोर्ट ने 1077 पेज की चार्जशीट की दाखिल, कोर्ट ने लिया संज्ञान

नई दिल्ली। दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने स्वयंभू बाबा चैतन्यानंद सरस्वती सहित चार आरोपियों के खिलाफ दाखिल 1077 पेज की चार्जशीट पर संज्ञान ले लिया है। ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट अनिमेश कुमार ने पुलिस से एक धारा पर स्पष्टीकरण मांगा था, जिसे अतिरिक्त लोक अभियोजक राघव खुराना ने दूर किया। इसके बाद कोर्ट ने चार्जशीट स्वीकार कर मामले को आगे की कार्रवाई के लिए सूचीबद्ध कर दिया।
वसंत कुंज स्थित श्री शारदा इंस्टीट्यूट की 17 छात्राओं के यौन उत्पीड़न के आरोप में दर्ज मामले में पुलिस ने चैतन्यानंद सरस्वती, भावना कपिल, श्वेता और काजल के खिलाफ BNS की धारा 75(2), 79, 232, 351(3) और 238(B) के तहत आरोप लगाए हैं। इनमें अधिकतम सात साल कारावास की सजा का प्रावधान है। चार्जशीट में 43 गवाहों के बयान शामिल हैं।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से तिहाड़ जेल से पेश हुए चैतन्यानंद ने कोर्ट में शिकायत की कि जेल में एक एएसआई ने उनके साथ मारपीट की। कोर्ट ने इस शिकायत पर संज्ञान लेते हुए सुनवाई 29 नवंबर निर्धारित की है।
मामला मार्च 2025 में शुरू हुआ था। पहली शिकायत के बाद अन्य छात्राएं भी सामने आईं। दिल्ली पुलिस ने 4 अगस्त 2025 को FIR दर्ज की। चैतन्यानंद 55 दिन फरार रहने के बाद 28 सितंबर 2025 को आगरा के एक होटल से गिरफ्तार हुए थे। उनके खिलाफ 2009 में भी एक मामला दर्ज है।



